सिरसा...
ये शहर बहुत पसन्द है मुझे
जब भी यहां आती हूँ
लगता है घर आ गया
इसका एक एक कोना
एक एक हिस्सा याद है मुझे
वो संकरी गलियां
वो खुले मिजाज़ के लोग
वो सखियाँ वो नाते
पूरा मुहल्ला मिलकर त्योहार मनाते
किसी से हो या ना हो
इस शहर से मुहब्बत है मुझे l
"मोरनी"
ये शहर बहुत पसन्द है मुझे
जब भी यहां आती हूँ
लगता है घर आ गया
इसका एक एक कोना
एक एक हिस्सा याद है मुझे
वो संकरी गलियां
वो खुले मिजाज़ के लोग
वो सखियाँ वो नाते
पूरा मुहल्ला मिलकर त्योहार मनाते
किसी से हो या ना हो
इस शहर से मुहब्बत है मुझे l
"मोरनी"
सिरसा...
ये शहर बहुत पसन्द है मुझे
जब भी यहां आती हूँ
लगता है घर आ गया
इसका एक एक कोना
एक एक हिस्सा याद है मुझे
वो संकरी गलियां
वो खुले मिजाज़ के लोग
वो सखियाँ वो नाते
पूरा मुहल्ला मिलकर त्योहार मनाते
किसी से हो या ना हो
इस शहर से मुहब्बत है मुझे l
"मोरनी"
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